MGKVP Yoga Training Program : काशी विद्यापीठ का बालिका बाल सुधार गृह में योग प्रशिक्षण कार्यक्रम, बालिकाओं ने सीखे विभिन्न योगासन

MGKVP Yoga Training Program : महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के समाजशास्त्र विभाग एवं महिला यौन उत्पीड़न प्रतिषेध समिति द्वारा बालिका बाल सुधार गृह रामनगर में आयोजित योग प्रशिक्षण कार्यक्रम के तीसरे दिन बालिकाओं को विभिन्न योगासन और प्राणायाम का अभ्यास कराया गया। विशेषज्ञों ने योग के शारीरिक और मानसिक लाभों पर प्रकाश डाला।

MGKVP Yoga Training Program : काशी विद्यापीठ द्वारा बालिका बाल सुधार गृह में आयोजित योग प्रशिक्षण कार्यक्रम में बालिकाओं ने किया योगाभ्यास

MGKVP Yoga Training Program : वाराणसी। अंतरराष्ट्रीय योग दिवस 2026 के उपलक्ष्य में महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के समाजशास्त्र विभाग एवं महिला यौन उत्पीड़न प्रतिषेध समिति द्वारा बालिका बाल सुधार गृह, रामनगर में आयोजित एक सप्ताह के योग प्रशिक्षण कार्यक्रम के तीसरे दिन सोमवार को बालिकाओं को विभिन्न योगासन एवं प्राणायाम का अभ्यास कराया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिकाओं के शारीरिक, मानसिक एवं भावनात्मक स्वास्थ्य को सुदृढ़ बनाना तथा उनके भीतर सकारात्मक सोच और आत्मविश्वास का विकास करना है।

MGKVP Yoga Training Program : कार्यक्रम की आयोजक एवं महिला यौन उत्पीड़न प्रतिषेध समिति की अध्यक्ष तथा समाजशास्त्र विभागाध्यक्ष प्रो. अमिता सिंह ने बालिकाओं को योग के महत्व से अवगत कराते हुए कहा कि योग केवल शारीरिक व्यायाम नहीं, बल्कि जीवन को संतुलित और अनुशासित बनाने की एक वैज्ञानिक पद्धति है। उन्होंने कहा कि योग का वास्तविक अर्थ जोड़ना, मिलाना या एकीकरण करना है। योग व्यक्ति की चेतना को सार्वभौमिक चेतना से जोड़ने का माध्यम है और चित्त की वृत्तियों का निरोध ही योग कहलाता है।

MGKVP Yoga Training Program : प्रो. सिंह ने कहा कि वर्तमान समय में तनावपूर्ण जीवनशैली और मानसिक दबाव के बीच योग व्यक्ति को आंतरिक शांति, आत्मसंयम और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करता है। नियमित योगाभ्यास से न केवल शरीर स्वस्थ रहता है, बल्कि मन भी एकाग्र और संतुलित बनता है। इस अवसर पर योग प्रशिक्षिका सोनल त्रिपाठी एवं शिवांगी सिंह ने बालिकाओं को विभिन्न योगासनों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया।

 MGKVP Yoga Training Program : प्रशिक्षण सत्र के दौरान बालिकाओं ने ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, वज्रासन, पद्मासन, त्रिकोणासन, पवनमुक्तासन एवं शवासन का अभ्यास किया। इसके साथ ही प्राणायाम और भ्रामरी जैसी श्वास संबंधी क्रियाओं का भी अभ्यास कराया गया, जिससे मानसिक शांति और एकाग्रता विकसित होती है।

योग प्रशिक्षिकाओं ने प्रत्येक आसन की विधि, उसके लाभ तथा सावधानियों की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि नियमित योगाभ्यास से शरीर की लचीलापन बढ़ता है, रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत होती है और मानसिक तनाव में कमी आती है।

MGKVP Yoga Training Program : कार्यक्रम में बालिकाओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए योगाभ्यास किया। प्रशिक्षण के दौरान उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने, सकारात्मक सोच विकसित करने तथा आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए प्रेरित किया गया। आयोजकों के अनुसार यह सप्ताहभर चलने वाला योग प्रशिक्षण कार्यक्रम बालिकाओं के समग्र व्यक्तित्व विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इसके माध्यम से उन्हें योग के प्रति जागरूक करने के साथ-साथ स्वस्थ, संतुलित और अनुशासित जीवन जीने की प्रेरणा दी जा रही है। कार्यक्रम के आगामी दिनों में भी विभिन्न योग सत्रों, स्वास्थ्य जागरूकता गतिविधियों एवं संवाद कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *