Painkiller Antibiotic Warning: CDSCO ने Painkiller और Antibiotic के मनमाने इस्तेमाल से बचने की चेतावनी दी है। अगस्त 2026 में 220 दवा सैंपल NSQ पाए गए, जबकि दिल्ली में एक Spurious दवा का मामला सामने आया।
Painkiller Antibiotic Warning: खुद से Painkiller-Antibiotic लेना पड़ सकता है भारी, CDSCO की चेतावनी; अगस्त में 220 दवा सैंपल जांच में फेल
Painkiller Antibiotic Warning: नई दिल्ली: दर्द, बुखार या संक्रमण होने पर अपनी मर्जी से Painkiller या Antibiotic लेना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है। केंद्रीय औषधि मानक नियंत्रण संगठन (CDSCO) ने लोगों को दवाओं के अनावश्यक और मनमाने इस्तेमाल से बचने की सलाह दी है। खासतौर पर Painkiller यानी NSAIDs और Antibiotics के बिना चिकित्सकीय सलाह इस्तेमाल को लेकर नियामक ने सावधानी बरतने को कहा है। CDSCO की वेबसाइट पर जारी सर्कुलर के मुताबिक, Painkiller (NSAIDs) और Antibiotics के अनुचित इस्तेमाल से जुड़े जोखिमों को लेकर स्वास्थ्य क्षेत्र के संबंधित पक्षों को सतर्क किया गया है। सर्कुलर की रिलीज डेट 22 सितंबर 2026 दर्ज है।
Painkiller Antibiotic Warning: Painkiller और Antibiotic खुद से लेने से बचें
दर्द या बुखार होने पर कई लोग बिना डॉक्टर की सलाह के Painkiller लेना शुरू कर देते हैं। इसी तरह सामान्य सर्दी-जुकाम या वायरल संक्रमण में भी कुछ लोग Antibiotic का इस्तेमाल करने लगते हैं। CDSCO ने ऐसे स्व-उपचार से बचने पर जोर दिया है।विशेष रूप से NSAIDs यानी Non-Steroidal Anti-Inflammatory Drugs के अनावश्यक या लंबे समय तक इस्तेमाल को लेकर सावधानी जरूरी है। CDSCO ने अपने सर्कुलर में Painkiller और Antibiotic के तर्कसंगत इस्तेमाल तथा इनसे जुड़े Chronic Kidney Disease के जोखिम पर ध्यान दिलाया है।
Painkiller Antibiotic Warning:सामान्य वायरल संक्रमण में Antibiotic जरूरी नहीं
हर संक्रमण में Antibiotic की जरूरत नहीं होती। सामान्य वायरल संक्रमणों में Antibiotic प्रभावी नहीं होतीं, क्योंकि Antibiotic मुख्य रूप से बैक्टीरियल संक्रमण के इलाज के लिए इस्तेमाल की जाती हैं। इसलिए सर्दी-जुकाम, सामान्य वायरल बुखार या अन्य लक्षणों में अपनी तरफ से Antibiotic शुरू करने के बजाय डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है। अगर डॉक्टर Antibiotic लिखते हैं तो मरीज को डॉक्टर द्वारा बताई गई खुराक और अवधि का पालन करना चाहिए। दवा बीच में छोड़ना, खुराक बदलना या बिना सलाह के दोबारा शुरू करना उचित नहीं है।
Painkiller Antibiotic Warning: बची हुई Antibiotic दोबारा न लें
घर में किसी पुराने इलाज की बची हुई Antibiotic पड़ी है तो उसे नए लक्षणों में अपनी मर्जी से इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। एक व्यक्ति की बीमारी और दूसरे व्यक्ति की बीमारी के कारण अलग हो सकते हैं, इसलिए किसी दूसरे व्यक्ति को भी अपनी दवा देना उचित नहीं है।
अगर दर्द, बुखार या संक्रमण के लक्षण लगातार बने हुए हैं तो बार-बार खुद से दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लेना चाहिए।
Painkiller Antibiotic Warning: दवा दुकानदारों के लिए भी निर्देश
CDSCO ने डॉक्टर की पर्ची पर दी जाने वाली दवाओं की बिक्री को नियमों के अनुसार करने पर जोर दिया है। दवा विक्रेताओं को बिना वैध Prescription के ऐसी दवाएं बेचने से बचना होगा। इसके साथ ही अस्पतालों और स्वास्थ्य संस्थानों में भी दवाओं के उचित और तर्कसंगत इस्तेमाल पर निगरानी मजबूत करने की जरूरत बताई गई है। इसका उद्देश्य अनावश्यक दवा सेवन को कम करना और मरीजों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।
Painkiller Antibiotic Warning:अगस्त में 220 दवा सैंपल गुणवत्ता जांच में फेल
इसी बीच अगस्त 2026 की नियमित दवा गुणवत्ता निगरानी में 220 दवा सैंपल Not of Standard Quality (NSQ) पाए गए। इनमें 29 सैंपल केंद्रीय दवा प्रयोगशालाओं और 191 सैंपल राज्य दवा परीक्षण प्रयोगशालाओं की जांच में NSQ पाए गए। यह जानकारी CDSCO की मासिक NSQ और Spurious Drug Alert से जुड़ी रिपोर्टों के आधार पर सामने आई है।
यहां यह समझना जरूरी है कि किसी दवा के NSQ पाए जाने का मतलब यह नहीं है कि वह दवा या उसका पूरा ब्रांड नकली है। CDSCO के अनुसार, किसी खास सरकारी प्रयोगशाला में जांचे गए विशिष्ट बैच के सैंपल के एक या अधिक निर्धारित गुणवत्ता मानकों पर खरा न उतरने पर उसे NSQ माना जाता है। इसका निष्कर्ष अपने आप बाजार में उपलब्ध उसी नाम के सभी उत्पादों पर लागू नहीं होता।
Painkiller Antibiotic Warning: दिल्ली में एक दवा का सैंपल Spurious मिला
अगस्त की निगरानी में दिल्ली से एक दवा का सैंपल Spurious यानी नकली/कथित तौर पर अनधिकृत स्रोत से निर्मित पाया गया। CDSCO के अनुसार, यह दवा कथित तौर पर अनधिकृत निर्माताओं द्वारा किसी दूसरी कंपनी के ब्रांड नाम का इस्तेमाल करके बनाई गई थी।
मामला फिलहाल जांच के अधीन है और संबंधित कानूनों के तहत कार्रवाई की जा रही है।
Painkiller Antibiotic Warning: 220 NSQ और एक Spurious दवा में अंतर समझें
दवा गुणवत्ता से जुड़ी इस रिपोर्ट में दो अलग-अलग श्रेणियां सामने आई हैं।
220 सैंपल NSQ: इन नमूनों में निर्धारित गुणवत्ता मानकों में से एक या अधिक मानकों पर कमी पाई गई।
1 सैंपल Spurious: दिल्ली में एक अलग नमूना कथित तौर पर अनधिकृत निर्माताओं द्वारा दूसरे ब्रांड नाम के इस्तेमाल से जुड़ा पाया गया।
NSQ पाए जाने का निष्कर्ष जांचे गए संबंधित बैच के सैंपल तक सीमित होता है।
Spurious दवा से जुड़ा दिल्ली का मामला अभी जांच के अधीन है।
Painkiller Antibiotic Warning: दवा लेते समय इन बातों का रखें ध्यान
बिना डॉक्टर की सलाह के Antibiotic शुरू न करें।
Painkiller का बार-बार या लंबे समय तक खुद से इस्तेमाल न करें।
डॉक्टर द्वारा बताई गई खुराक और अवधि का पालन करें।
बची हुई Antibiotic को बाद में अपनी मर्जी से दोबारा इस्तेमाल न करें।
अपनी Prescription दवा किसी दूसरे व्यक्ति को न दें।
दर्द, बुखार या संक्रमण के लक्षण बने रहने पर डॉक्टर से संपर्क करें।
Prescription वाली दवाएं बिना पर्चे के खरीदने या बेचने से बचें।
दवा लेते समय उसकी एक्सपायरी, पैकिंग और बैच संबंधी जानकारी भी जांचें।
Painkiller Antibiotic Warning: क्यों जरूरी है सावधानी?
CDSCO की हालिया कार्रवाई एक तरफ दवाओं की गुणवत्ता की नियमित निगरानी को दिखाती है, वहीं Painkiller और Antibiotic के तर्कसंगत इस्तेमाल पर भी जोर देती है। अगस्त की जांच में सामने आए 220 NSQ सैंपल को लेकर CDSCO ने स्पष्ट किया है कि गुणवत्ता संबंधी निष्कर्ष जांचे गए विशेष बैच के सैंपल से संबंधित है। ऐसे में किसी भी दवा को केवल पुराने अनुभव या किसी परिचित की सलाह के आधार पर लेने के बजाय डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह लेना अधिक उचित है।