Self Help Group Women Empowerment : वाराणसी में जिलाधिकारी ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के कार्यों का निरीक्षण कर ‘लखपति दीदियों’ का उत्साह बढ़ाया और रोजगार के नए अवसरों को प्रोत्साहन दिया।

Self Help Group Women Empowerment : वाराणसी में ‘लखपति दीदी’ अभियान को मिली नई ऊर्जा
दिनांक 19 अप्रैल 2026 को वाराणसी के जिलाधिकारी श्री सत्येंद्र कुमार और मुख्य विकास अधिकारी श्री प्रखर कुमार सिंह ने राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (NRLM) के तहत स्वयं सहायता समूह (SHG) की महिलाओं द्वारा संचालित विभिन्न आजीविका गतिविधियों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने महिलाओं के कार्यों की सराहना करते हुए उन्हें बेहतर उत्पादन और रोजगार विस्तार के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
Self Help Group Women Empowerment : दोना-पत्तल यूनिट का निरीक्षण, सोलर कनेक्शन के निर्देश

जिलाधिकारी का पहला दौरा विकासखंड आराजीलाइन के महमदपुर ग्राम पंचायत में हुआ, जहां शीतला माता स्वयं सहायता समूह द्वारा दोना-पत्तल निर्माण कार्य किया जा रहा है। गांव में करीब 30 मशीनों के जरिए उत्पादन किया जा रहा है। समूह की सदस्य सीमा पटेल ने बताया कि उन्होंने ₹3 लाख समूह ऋण और ₹2 लाख मुद्रा योजना के तहत लेकर यह कार्य शुरू किया। अब वे अपने पति के साथ मिलकर अन्य लोगों को भी रोजगार दे रही हैं। जिलाधिकारी ने बिजली खर्च कम करने के लिए सोलर कनेक्शन जोड़ने और सुरक्षा के लिए फर्स्ट एड बॉक्स रखने के निर्देश दिए।
Self Help Group Women Empowerment : गुड़ निर्माण इकाई को मिलेगा आधुनिक ढांचा
दूसरे चरण में टीम सेवापुरी के करधना ग्राम पंचायत पहुंची, जहां मां संतोषी स्वयं सहायता समूह द्वारा गुड़ निर्माण का कार्य किया जा रहा है। 14 महिलाएं इस इकाई से जुड़ी हैं। प्रत्येक महिला की दैनिक आय ₹300 से ₹500 तक हो रही है। ₹50 हजार सामुदायिक निवेश निधि और ₹65 हजार SVEP योजना से ऋण लिया गया।
Self Help Group Women Empowerment : जिलाधिकारी ने निर्देश दिए

अलग शेड का निर्माण कराया जाए। उत्पादन, भट्ठी और पैकेजिंग के लिए अलग-अलग स्थान तय हों। प्लांट तक जाने वाली सड़क को पक्का किया जाए। मुसहर महिलाओं को मिला आत्मनिर्भरता का अवसर।चोलापुर के सुन्गुलपुर ग्राम पंचायत में NCL के CSR फंड से संचालित कार्यों का निरीक्षण किया गया। यहां दोना-पत्तल यूनिट और चप्पल निर्माण की दो इकाइयां स्थापित हैं।
Self Help Group Women Empowerment : जिलाधिकारी ने निर्देश दिए-
चप्पलों की गुणवत्ता की तकनीकी जांच कराई जाए। बाजार दर गुणवत्ता के आधार पर तय किया जाए। मुसहर परिवारों को सरकारी योजनाओं से जोड़ा जाए। ‘काशी प्रेरणा’ ब्रांड को मजबूत करने पर जोर। जिलाधिकारी ने उत्पादों की गुणवत्ता बनाए रखने के लिए अटल इनक्यूबेशन सेंटर जैसे संस्थानों से समन्वय बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे स्थानीय उत्पादों की ब्रांड वैल्यू बढ़ेगी और ‘काशी प्रेरणा’ ब्रांड को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलेगी।
Self Help Group Women Empowerment : अधिकारी रहे मौजूद
इस दौरान उपायुक्त स्वरोजगार श्री पवन कुमार सिंह, खंड विकास अधिकारी आराजीलाइन, सेवापुरी और चोलापुर सहित अन्य अधिकारी मौके पर उपस्थित रहे। वाराणसी में ‘लखपति दीदी’ पहल के तहत महिलाओं की आर्थिक आत्मनिर्भरता की दिशा में यह पहल एक मजबूत कदम साबित हो रही है। प्रशासनिक सहयोग और योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन से न केवल महिलाओं का आत्मविश्वास बढ़ा है, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई गति मिल रही है।