Namo Ghat Morning Ganga Aarti : नए साल से वाराणसी के नमो घाट पर सुबह की गंगा आरती की शुरुआत होगी। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास के फैसले से श्रद्धालुओं और पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी और धार्मिक पर्यटन को नया आयाम मिलेगा।
Namo Ghat Morning Ganga Aarti : धर्मनगरी काशी में आस्था और पर्यटन को नया आयाम देने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल होने जा रही है। नए साल यानी जनवरी से काशी के भव्य नमो घाट पर श्रद्धालुओं के लिए सुबह की गंगा आरती की शुरुआत की जाएगी। श्रीकाशी विश्वनाथ मंदिर न्यास की ओर से इस संबंध में निर्णय ले लिया गया है और इस सप्ताह से सुबह की आरती का अभ्यास भी प्रारंभ कर दिया गया है।

अब तक नमो घाट पर केवल शाम की गंगा आरती का आयोजन हो रहा था, जिसकी शुरुआत अक्टूबर माह में की गई थी। वर्तमान में रोजाना लगभग 2500 से 3000 श्रद्धालु इस आरती में शामिल हो रहे हैं। खासकर पर्व-त्योहारों और सप्ताहांत पर यहां श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखने को मिलती है। देव दीपावली के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी नमो घाट पर आयोजित गंगा आरती में शामिल हो चुके हैं, जिससे इस घाट की लोकप्रियता और अधिक बढ़ी है।

Namo Ghat Morning Ganga Aarti : सुबह की आरती से श्रद्धालुओं को मिलेगी नई सुविधा
सुबह की गंगा आरती शुरू होने से उन श्रद्धालुओं और पर्यटकों को विशेष लाभ मिलेगा, जो ब्रह्म मुहूर्त में मां गंगा के दर्शन और आरती का अनुभव करना चाहते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, प्रातःकालीन आरती में शामिल होने से मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा की अनुभूति होती है।
Namo Ghat Morning Ganga Aarti : दशाश्वमेध और अस्सी घाट की तर्ज पर व्यवस्था
अब नमो घाट भी दशाश्वमेध घाट और अस्सी घाट की तरह सुबह और शाम दोनों समय गंगा आरती का साक्षी बनेगा। इससे काशी के गंगा घाटों की धार्मिक श्रृंखला और भी मजबूत होगी। साथ ही, नमो घाट की पहचान एक प्रमुख आध्यात्मिक और पर्यटन स्थल के रूप में स्थापित होगी।

Namo Ghat Morning Ganga Aarti : अंतरराष्ट्रीय पर्यटन को मिलेगा बढ़ावा
नमो घाट पहले से ही अपने आधुनिक स्वरूप, भव्य सीढ़ियों और आकर्षक लाइटिंग के कारण देश-विदेश के पर्यटकों को आकर्षित कर रहा है। सुबह की गंगा आरती शुरू होने से यहां आने वाले विदेशी पर्यटकों की संख्या में भी इजाफा होने की उम्मीद है। स्थानीय लोगों और श्रद्धालुओं का मानना है कि यह पहल काशी को वैश्विक धार्मिक पर्यटन मानचित्र पर और मजबूती से स्थापित करेगी।