Ayush Development in Uttar Pradesh : उत्तर प्रदेश विधान परिषद के शीतकालीन सत्र के दौरान समाजवादी पार्टी द्वारा आयुष बजट को लेकर उठाए गए सवालों का जवाब देते हुए प्रदेश के आयुष मंत्री डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने कहा कि मोदी–योगी सरकार ने आयुष पद्धतियों को न केवल संरक्षित किया बल्कि उन्हें नया जीवन और नई पहचान दी है।
उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश में आयुष का अलग मंत्रालय तक नहीं था। समाजवादी पार्टी की सरकारों ने आयुष चिकित्सा पद्धतियों को वह महत्व नहीं दिया, जिसकी वे हकदार थीं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में 2017 में आयुष मंत्रालय का गठन हुआ, जिसके बाद आयुर्वेद, योग, यूनानी, होम्योपैथी और प्राकृतिक चिकित्सा को संस्थागत मजबूती मिली।
डॉ. दयाशंकर मिश्र ने सदन को बताया कि वर्तमान में प्रदेश भर में कुल 3985 आयुष चिकित्सालय संचालित हो रहे हैं। उन्होंने सपा सदस्यों के उस आरोप को पूरी तरह निराधार बताया जिसमें आयुष चिकित्सालयों को जर्जर और उपेक्षित बताया गया था। मंत्री ने कहा कि पिछले आठ वर्षों में 1034 नए राजकीय आयुर्वेदिक, यूनानी और होम्योपैथिक चिकित्सालयों का निर्माण कराया गया, जिनके लिए आवश्यक भूमि का अधिग्रहण भी किया गया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की परिकल्पना के अनुरूप इन चिकित्सालयों को अब “आयुष आरोग्य मंदिर” के रूप में विकसित किया जा रहा है, ताकि आम जनता को पारंपरिक चिकित्सा के साथ आधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध हो सकें।

Ayush Development in Uttar Pradesh : आयुष मंत्री ने आगे बताया कि उत्तर प्रदेश में इस समय 225 योग वेलनेस सेंटर सक्रिय रूप से संचालित हो रहे हैं, जहां योग और प्राकृतिक चिकित्सा के माध्यम से लोगों को स्वस्थ जीवनशैली के लिए प्रेरित किया जा रहा है। इसके साथ ही प्रदेश के 16 जनपदों में 50-बेड वाले इंटीग्रेटेड आयुष हॉस्पिटल कार्यरत हैं, जहां आधुनिक एलोपैथिक चिकित्सा के साथ आयुष पद्धतियों का समन्वय कर उपचार किया जा रहा है।
उन्होंने यह भी कहा कि सपा सरकार के कार्यकाल में प्रदेश में आयुष से संबंधित कोई विश्वविद्यालय नहीं था, जबकि मोदी–योगी सरकार ने गोरखपुर में महायोगी गुरु गोरक्षनाथ आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय की स्थापना कर आयुष शिक्षा को एक मजबूत आधार दिया है। इस विश्वविद्यालय से संबद्ध कई आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज वर्तमान में संचालित हो रहे हैं, जिससे प्रदेश में आयुष शिक्षा और शोध को बढ़ावा मिला है।
Ayush Development in Uttar Pradesh : डॉ. दयाशंकर मिश्र ‘दयालु’ ने कहा कि मोदी–योगी सरकार की नीतियों के कारण आयुष आज प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था का मजबूत स्तंभ बन चुका है, जिससे आम नागरिकों को सुरक्षित, सुलभ और प्रभावी चिकित्सा सेवाएं प्राप्त हो रही हैं।