Migraine Trigger Foods: माइग्रेन रोगियों के लिए खतरा बन सकते हैं ये दो फल, जानें क्यों बढ़ाते हैं दर्द

Migraine Trigger Foods: माइग्रेन मरीजों को केले और एवोकाडो से हो सकती है परेशानी। जानें कैसे टायरामिन और फेनोलिक कंपाउंड माइग्रेन अटैक ट्रिगर करते हैं, किसे सावधान रहना चाहिए और बचाव के तरीके।

Migraine Trigger Foods: माइग्रेन करता है परेशान तो भूलकर भी न खाएं ये दो फल, बढ़ सकती है तबीयत

Migraine Trigger Foods: माइग्रेन एक गंभीर न्यूरोलॉजिकल कंडीशन है जो कई बार गलत डाइट की वजह से अचानक ट्रिगर हो जाती है। दिलचस्प बात यह है कि कई बार बेहद पौष्टिक माने जाने वाले दो फल—केला और एवोकाडो—भी माइग्रेन रोगियों में सिरदर्द को बढ़ाने का काम कर सकते हैं।

हालांकि दोनों ही फलों में विटामिन, मिनरल्स और हेल्दी फैट भरपूर होते हैं, लेकिन इनमें मौजूद कुछ प्राकृतिक तत्व संवेदनशील लोगों के लिए उल्टा असर दिखा सकते हैं।

Migraine Trigger Foods : क्यों बढ़ाते हैं केले और एवोकाडो माइग्रेन

  1. टायरामिन (Tyramine) का हाई लेवल केला और एवोकाडो दोनों में टायरामिन पाया जाता है।
    यह अमीनो एसिड बाय-प्रोडक्ट संवेदनशील लोगों में न्यूरोट्रांसमीटर रिलीज और ब्लड सेल्स के फैलाव को प्रभावित करता है।
    यही प्रक्रिया माइग्रेन ट्रिगर का बड़ा कारण है।
  2. पके हुए फलों में टायरामिन ज्यादा जैसे-जैसे केला और एवोकाडो ज्यादा पकते हैं, उनमें टायरामिन का स्तर तेजी से बढ़ता है।
    ओवर-रिपन फलों से माइग्रेन अटैक की संभावना और भी बढ़ जाती है।
  3. एवोकाडो के फेनोलिक कंपाउंड एवोकाडो में हिस्टामीन और पॉलीफेनॉल जैसे कंपाउंड मौजूद होते हैं।
    ये संवेदनशील लोगों में इंफ्लेमेशन और नर्व एक्टिविटी को ट्रिगर कर सकते हैं।

Migraine Trigger Foods : केले के फायदे – माइग्रेन से अलग सामान्य स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद

पोटैशियम का बेहतरीन स्रोत
विटामिन B6 और मैग्नीशियम भरपूर
पाचन में आसान
एनर्जी बूस्ट और इलेक्ट्रोलाइट बैलेंस बनाए रखता है

लेकिन माइग्रेन मरीजों को बहुत पके हुए केले से दूरी बनाए रखनी चाहिए।

Migraine Trigger Foods : एवोकाडो के फायदे

हेल्दी मोनोअनसैचुरेटेड फैट
पोटैशियम, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट
दिल और दिमाग के स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद
स्किन और इंफ्लेमेशन कंट्रोल में सहायक

फिर भी माइग्रेन-सेंसिटिव लोगों में ज्यादा पका एवोकाडो सिर दर्द को बढ़ा सकता है।

Migraine Trigger Foods : माइग्रेन में टायरामिन की भूमिका

PubMed पर मौजूद कई शोध बताते हैं कि टायरामिन:

सिम्पैथेटिक नर्वस सिस्टम को प्रभावित करता है
ब्लड फ्लो और ब्लड प्रेशर में बदलाव लाता है
इसी बदलाव के कारण माइग्रेन अटैक होने लगते हैं

इसलिए जिन लोगों को बार-बार माइग्रेन होता है, उन्हें टायरामिन वाले खाद्य पदार्थों पर नज़र रखनी चाहिए।

Migraine Trigger Foods : किन लोगों को केला और एवोकाडो सावधानी से खाने चाहिए

✔ माइग्रेन बार-बार होने वाले मरीज
✔ जिनको हिस्टामीन सेंसिटिविटी है
✔ जिन्हें पके हुए फलों से सिरदर्द ट्रिगर होता है
✔ जो पहले भी इन फलों के बाद माइग्रेन झेल चुके हैं

Migraine Trigger Foods : इन बातों का रखें ध्यान (Migraine Prevention Tips)

  1. बहुत पके हुए केले और एवोकाडो न खाएं

जैसे ही फल ज्यादा नरम या काले होने लगें, टायरामिन लेवल बढ़ जाता है।

  1. फूड डायरी बनाएं

क्या खाने से दर्द बढ़ता है—यह रिकॉर्ड करें। कुछ हफ्तों में पैटर्न साफ हो जाएगा।

  1. मात्रा नियंत्रित रखें

हर किसी को पूरी तरह से इन्हें छोड़ने की जरूरत नहीं, लेकिन मात्रा सीमा में रखें।

  1. पानी और नींद का ध्यान रखें

डिहाइड्रेशन और नींद की कमी माइग्रेन को और बढ़ाते हैं।

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